सीधे मुख्य सामग्री पर जाएं

मसाला पराठा रेसिपी | masala paratha in hindi | स्पाइसी पराठा | मसाला पराठा

मसाला पराठा रेसिपी | स्पाइसी पराठा | मसाला पराठा रेसिपी की पूरी जानकरी फोटो और वीडियो के साथ। यह एक रोचक मसालेदार पराठा रेसिपी है, जोकि बेसन और मसालों से बनाई जाती है। यह एक सरल और साधारण चपाती रेसिपी है और पारंपरिक रेसिपी की तुलना में इसमें भरावन सीधे आटे में ही मिला दिया जाता है। यह रेसिपी चटपटी, मसालेदार होती है और इसलिए इसके साथ खाने के लिए किसी चटनी या करी की जरूरत नहीं होती है।
मसाला पराठा रेसिपी | स्पाइसी पराठा | मसाला पराठा रेसिपी की पूरी जानकरी स्टेप बाई स्टेप फोटो और वीडियो के साथ। पराठा रेसिपी पूरे भारत में विभिन्न सामग्रियों से बनाई जाती है। यह 2 मुख्य तरीकों से बनाई जा सकती है। एक तो आप भरावन के साथ या दूसरा आप आटे में मिश्रण को मिलाकर सीधे पराठे बना सकते हैं। मसाला पराठा रेसिपी ऐसी ही एक रेसिपी है, जिसे गेहूँ के आटे में मसालों को मिलाकर बनाया जाता है।
अब मैं बेहतर मसाला पराठा बनाने के लिए कुछ सुझाव और सलाह देना चाहूँगी। इस रेसिपी में मैंने गेहूँ के आटे में मसाले मिलाये हैं, यह दूसरे प्रकार के आटे से भी बनाया जा सकता है। खासकर ये बेसन, मैदा और कॉर्नफ्लॉर से बनाया जा सकता है। मसालों के साथ आप इसमें किसी भी सब्जी जैसे पालक, मेथी और डिल लीव्ज की प्यूरी भी इसमें डाल सकते हैं। इस पराठा रेसिपी के साथ किसी चटनी या करी की आवश्यकता नहीं होती है, इसलिए आप इसे कहीं बाहर घूमने जाते समय अचार या चटनी पूड़ी और घी के साथ बनाकर खाने के लिए ले जा सकते हैं।
अनुदेश

1) सबसे पहले एक बड़े कटोरे में 2½ कप गेहूं का आटा लें और उसमें ¾ टीस्पून मिर्च पाउडर, ½ टीस्पून गरम मसाला, ¼ टीस्पून हल्दी डालें।
2) इसके बाद इसमें ½ टीस्पून अमचूर, 1 टेबलस्पून कसूरी मेथी, ¼ टीस्पून अजवाइन, ½ टीस्पून अदरक पेस्ट, 1 टीस्पून घी, 1 टीस्पून नमक डालें।
3) अब इसमें मसालों को अच्छे से मिलाएं।
4) इसमें 1 कप गर्म पानी डालें और चम्मच से मिलाएं।
5) अब इसमें जरूरत के हिसाब से पानी मिलाते हुए गूंध लें।
6) तैयार आटे को तेल लगाकर 15 मिनट के लिए रख दें।
7) इसके बाद आटे को फिर से थोड़ा गूंधे और इसमें से एक छोटी बॉल के आकार की लोई लें।
8) इसे गेहूँ के आटे में लपेट कर गोलाकार में फैला लें।
9) इसके ऊपर 1 टीस्पून घी और चुटकीभर गरम मसाला लगाकर फैलाएं।
10) चम्मच को उल्टा करके इसे एक समान रूप से फैलाएं।
11) अब इसे बंडल आकार देकर बॉल जैसा बना लें।
12) अब इस पर थोड़ा गेहूँ का आटा बुरकें।
13) इसके बाद इसे बेलकर पतली गोल चपाती या परठा बना लें।
14) अब एक गर्म तवे पर पराठे को एक मिनट के लिए पकाएं।
15) इसके बाद जब यह एक तरफ से पक जाए, तो मसाला पराठा को पलट दें।
16) इस पर ½ टीस्पून तेल/घी लगाएं और हल्के से दबाएं।
17) इसे एक या दो बार और पलटें, जब तक कि ये दोनों तरफ से अच्छे से ना पक जाए।
18) अंत में, मसाला पराठा को रायता और अचार के साथ परोसें।


टिप्पणियाँ

इस ब्लॉग से लोकप्रिय पोस्ट

પિતાની અંતિમ ઇચ્છા

*પિતાની અંતિમ ઇચ્છા* મરતાં મરતાં *પિતા* એ આપી એવી *સલાહ* કે પુત્રની જીંદગી બદલાઈ ગઈ,  *દરેકે વાંચવું* એક ખૂબ જ *પૈસાદાર કુટુંબ* હતું. તેમાં *કુટુંબના વડીલ* બીમાર પડ્યા. આથી તેને પોતાના *દીકરા* ને પોતાની પાસે બોલાવીને કહ્યું કે દીકરા મારી એક *આખરી ઈચ્છા* છે જ્યારે હું મરી જાઉં ત્યારે મારી *અંતિમ યાત્રા* કાઢવામાં આવે ત્યારે મને આ *ફાટેલું મોજું* (સોક્સ) પહેરાવીને રાખજે. અને આ ઇચ્છા મારી પૂરી કરજે.અને થોડા સમયમાં પિતાજી નું *મૃત્યું* થઇ ગયું.  આથી દીકરાએ ઘેર આવેલા *પંડિત* ને પોતાના પિતાની *આખરી ઇચ્છા* જણાવી. પંડિતજીએ કહ્યું કે આપણા ધર્મમાં *અંતિમયાત્રા* માં કોઈપણ ને કંઈ પણ વસ્તુ પહેરાવી શકાતી નથી. પરંતુ દીકરાએ *પિતાજીની આખરી ઈચ્છા* પૂરી કરવાની જાણે *પ્રતિજ્ઞા* જ લઈ લીધી હતી.  ધીમે ધીમે કરતાં વાત આખા શહેરના પંડિતો સુધી પહોંચી ગઈ. પરંતુ કોઈ પંડિતે આ *પરવાનગી* આપી નહિ. અને છેલ્લે કાંઈ *નિર્ણય* આવ્યો નહીં.આથી દિકરો *નીરાશ* થઈ ગયો.  એટલા માં ત્યાં ઉભેલા બધા માણસો માંથી *એક માણસ* દીકરાની નજીક આવ્યો. અને દીકરાના હાથમાં તેના પિતાજી એ લખેલો *એક કાગળ* આપ્યો. દીકરાએ *ભીની આંખે* એ ...

RSS कोई सैन्य संगठन नहीं: मोहन भागवत

संघ में पहनी जाती है ड्रेस, लेकिन RSS कोई सैन्य संगठन नहीं: मोहन भागवत कर्मवीर के सभी दर्शको को नमस्कार 🙏 राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) के प्रमुख मोहन भागवत (Mohan Bhagwat) ने एक बार फिर विपक्षियों को संघ का महत्व समझाने की कोशिश की है. उन्होंने कहा कि RSS समाज में सदभाव फैलाने वाला एक संगठन है. ग्वालियर:  राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) के प्रमुख मोहन भागवत (Mohan Bhagwat) ने एक बार फिर विपक्षियों को संघ का महत्व समझाने की कोशिश की है. मोहन भागवत ने कहा कि संघ कोई सैन्य संगठन नहीं है, बल्कि पारिवारिक माहौल वाला एक समूह है. 'संघ कोई सैन्य संगठन नहीं' मोहन भागवत (Mohan Bhagwat) रविवार को ग्वालियर में संघ के मध्य भारत प्रांत के म्यूजिकल बैंड के समापन शिविर को संबोधित कर रहे थे. मोहन भागवत ने कहा, ‘संघ में संगीत कार्यक्रम होते हैं तो यह कोई संगीत शाला नहीं है और न ही कोई व्यायामशाला या मार्शल आर्ट क्लब है. संघ में गणवेश पहनी जाती है तो यह कोई सैन्य संगठन नहीं है. संघ तो कुटुंब निर्माण करने वाली संस्था है. ’ 'समाज बदलेगा तो देश बदलेगा' उन्होंने कहा कि संगीत, बौद्...

my thinking my decision

*my thinking my decision* part-1 My friend, pain searches for pain, you just keep writing.Always keep thinking ahead so that there is no need to look back!Thought a lot, wrote a lot, now it's time to do something, now be calm and just think about yourself, whatever happens will be exactly what you have wanted.I don't know if my opinion makes any difference to anyone? But yes, I definitely feel that my future will definitely be bright. That's all for today.. please stay connected with me thanks